ताजा ख़बर

टेक्सटाईल मंत्रालय ने भारत के शानदार हैण्डलूम उद्योग में योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित किया

नगर संवाददाता
नई दिल्ली । पिछले सा-सजय़े चार सालों में भारतीय टेक्सटाईल उद्योग में ज़बरदस्त बदलाव आए हैं। उद्योग उन्मुख नीतियों, तकनीकी इनोवेशन्स, सशक्त आर एण्ड डी तथा सामरिक बाज़ार संवर्धन प्रयासों के चलते इस क्षेत्र में तेज़ी से विकास हुआ है और आज भारतीय टेक्सटाईल उद्योग दुनिया भर में एकभरोसेमंद ब्राण्ड के रूप में विकसित हो चुका है।
इसी उपलब्धि का जश्न मनाने के लिए टेक्सटाईल मंत्रालय ने दिल्ली के लाल किले पर अपनी तरह के अनूठे कार्यक्रम आर्टीसन स्पीक का आयोजन किया, जिसमें भारत के समृद्ध टेक्सटाईल का प्रदर्शन किया गया और इसमें योगदान देने वाले लोगों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन खूबसूरत सावन पैविलियन और ज़ाफर महल में किया गया।
केन्द्रीय टेक्सटाईल मंत्री श्रीमति स्मृति ईरानी ने सात लोगों और एक संगठन को टेक्सटाईल उद्योग में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया। मंत्री जी ने 13 मास्टर कारीगरों को हैण्डलूम उद्योग में योगदान एवं समर्पण
के लिए सम्मानित किया। इनमें छह पद्म श्री पुरस्कार विजेता तथा सात संत कबीर पुरस्कार विजेता शामिल थे।, जिनके कार्यों ने भारतीय टेक्सटाईल उद्योग को गौरवान्वित किया है।
इसके बाद भारत के छह टाप डिज़ाइनरों द्वारा बनाई गई साड़ियों और परिधानों पर खूबसूरत शो का आयोजन किया गया, इन डिज़ाइनरों कों पारम्परिक टेक्सटाईल एवं कारीगरी के प्रति जोश और जुनून के लिए जाना जाता है। इनमें
शामिल थे-उचय अनिता डोंगरे, अंजु मोदी, गौरांग शाह, राहुल मिश्रा, राजेश प्रताप सिंह और रोहित बाल।
कार्यक्रम का आयोजन भारत के फैशन डिज़ाइन काउन्सिल के द्वारा किया गया था। इस मौके पर एफडीसीआई के अध्यक्ष सुनील सेठी ने कहा, ‘‘पहली बार ऐसे कार्यक्रम का आयोजन लाल किले में किया गया है; पहली बार हमने भारत के शीर्ष पायदान के कारीगरों और बुनकरों को श्रृद्धांजली दी है; और पहली बार इन कारीगरों को
जाने माने फैशन डिज़ाइनरों के साथ एक ही मंच पर आने का अवसर मिला है। एफडीसीआई के लिए सम्मान की बात है कि इसे आर्टीसन स्पीक के मंच पर टेक्सटाईल मंत्रालय के साथ जुड़ने तथा इस तरह के कार्यक्रम के आयोजन का मौका मिला है।’’

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *